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TPA धारा 105: पट्टे की परिभाषा

संपत्ति अंतरण अधिनियम, 1882 · अध्याय 5: स्थावर संपत्ति के पट्टे

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105. पट्टे की परिभाषा-

स्थावर सम्पत्ति का प‌ट्टा ऐसी सम्पत्ति का उपभोग करने के अधिकार का ऐसा अन्तरण है, जो एक अभिव्यक्त या विवक्षित समय के लिए या शाश्वत काल के लिए, किसी कीमत के, जो दी गई हो या जिसे देने का वचन दिया गया हो, अथवा धन या फसलों के अंश या सेवा या किसी अन्य मूल्यवान वस्तु के जो कालावधीय रूप से या विनिर्दिष्ट अवसरों पर अन्तरिती द्वारा, जो उस अन्तरण को ऐसे निबन्धनों पर प्रतिगृहीत करता है, अन्तरण को की या दी जानी है, प्रतिफल के रूप में किया गया हो।

पट्टाकर्त्ता, पट्टेदार, प्रीमियम और भाटक की परिभाषा-

वह अन्तरक प‌ट्टाकर्त्ता कहलाता है, वह अन्तरिती पट्टेदार कहलाता है, वह कीमत प्रीमियम कहलाती है और इस प्रकार देय या करणीय धन, अंश सेवा या अन्य वस्तु भाटक कहलाती है।

आधिकारिक संदर्भ: भारत सरकार का हिंदी संदर्भ पाठ — जाँच की तारीख: 30 सितंबर 2026.अध्ययन के लिए Banaka का संपादित हिंदी पाठ, आधिकारिक समेकित संस्करण नहीं। पठनीय कानूनी HTML और सरकारी हिंदी संदर्भ से तैयार किया गया है; संख्या और संदर्भ की त्रुटियाँ सुधारी गई हैं। यह केंद्रीय पाठ है; राज्य संशोधन, क्षेत्रीय अधिसूचनाएँ और अन्य लागू कानून अलग देखें। जाँच की तारीख स्रोत-संस्करण की तारीख नहीं है।मूल अनुसूची और संशोधन टिप्पणियाँ देखें

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