BNSS धारा 41: मजिस्ट्रेट द्वारा गिरफ्तारी

भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 · अध्याय 5: व्यक्तियों की गिरफ्तारी

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41. (1) जब कोई अपराध किसी मजिस्ट्रेट की उपस्थिति में किया जाता है, चाहे वह कार्यकारी हो या न्यायिक, उसके स्थानीय अधिकार क्षेत्र के भीतर, वह स्वयं अपराधी को गिरफ्तार कर सकता है या किसी व्यक्ति को गिरफ्तार करने का आदेश दे सकता है, और उसके बाद, इसमें निहित प्रावधानों के अधीन हो सकता है। जमानत के लिए, अपराधी को हिरासत में भेज दें।
(2) कोई भी मजिस्ट्रेट, चाहे वह कार्यकारी हो या न्यायिक, किसी भी समय, अपनी उपस्थिति में, अपने स्थानीय अधिकार क्षेत्र के भीतर, किसी भी व्यक्ति को गिरफ्तार कर सकता है या गिरफ्तारी का निर्देश दे सकता है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए वह उस समय और परिस्थितियों में वारंट जारी करने में सक्षम है। .

यह संदर्भ के लिए अधिनियम का पाठ है, 1 जुलाई 2024 तक अद्यतन। यह कानूनी सलाह नहीं है; प्रामाणिक पाठ के लिए आधिकारिक राजपत्र देखें।

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