BNSS धारा 28: शक्तियों की वापसी
भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 · अध्याय 3: न्यायालयों की शक्ति
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28. (1) उच्च न्यायालय या राज्य सरकार, जैसा भी मामला हो, इस संहिता के तहत किसी भी व्यक्ति या उसके अधीनस्थ किसी अधिकारी द्वारा प्रदत्त सभी या किसी भी शक्ति को वापस ले सकता है।
(2) मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट या जिला मजिस्ट्रेट द्वारा प्रदत्त कोई भी शक्ति संबंधित मजिस्ट्रेट द्वारा वापस ली जा सकती है जिसके द्वारा ऐसी शक्तियां प्रदान की गई थीं।
यह संदर्भ के लिए अधिनियम का पाठ है, 1 जुलाई 2024 तक अद्यतन। यह कानूनी सलाह नहीं है; प्रामाणिक पाठ के लिए आधिकारिक राजपत्र देखें।
इस अध्याय की अन्य धाराएँ
- 21. न्यायालय जिनके द्वारा अपराध विचारणीय हैं
- 22. सजाएं जो उच्च न्यायालय और सत्र न्यायाधीश पारित कर सकते हैं
- 23. दंड जो मजिस्ट्रेट पारित कर सकते हैं
- 24. जुर्माना न चुकाने पर कारावास की सजा
- 25. एक मुकदमे में कई अपराधों की सजा के मामलों में सजा
- 26. शक्तियां प्रदान करने का तरीका
- 27. नियुक्त अधिकारियों की शक्तियां
- 29. न्यायाधीशों और मजिस्ट्रेटों की शक्तियां जो उनके कार्यालय में उत्तराधिकारियों द्वारा प्रयोग की जा सकती हैं