DPDP अधिनियम 2023 · डाटा न्यासी की बाध्यताएं

भाषा: English

धारा 4 · वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण के लिए आधार ।

धारा 4

प्रवर्तन की अधिसूचित तारीखें

4. (1) कोई व्यक्ति किसी डाटा स्वामी के वैयक्तिक डाटा का प्रक्रमण केवल इस अधिनियम के उपबंधों के अनुसार और ऐसे निम्नलिखित विधिपूर्ण प्रयोजन के लिए ही कर सकेगा,—

(क) जिसके लिए डाटा स्वामी ने अपनी सहमति दी है ; या

(ख) कतिपय विधिसम्मत उपयोगों के लिए ।

(2) इस धारा के प्रयोजनों के लिए, “विधिसम्मत प्रयोजन” पद से ऐसा कोई प्रयोजन अभिप्रेत है, जिसका विधि द्वारा अभिव्यक्त रूप से निषेध नहीं किया गया है ।

हिंदी पाठ का सरकारी राजपत्र · 9 सितंबर 2024; मुद्रित पृष्ठ 871–898 · स्रोत PDF पृष्ठ: 16

धारा 5 · सूचना ।

धारा 5

प्रवर्तन की अधिसूचित तारीखें

5. (1) धारा 6 के अधीन सहमति के लिए डाटा स्वामी को किए गए प्रत्येक अनुरोध के साथ डाटा न्यासी द्वारा डाटा स्वामी को दी गई निम्नलिखित सूचना के साथ ऐसी रीति में, जो विहित की जाए, संलग्न किया जाएगा या उससे पहले किया जाएगा,—

(i) वैयक्तिक डाटा और प्रयोजन, जिसके लिए उसका प्रक्रमण प्रस्तावित किया जाना है ;

(ii) वह रीति, जिसमें वह धारा 6 की उपधारा (4) और धारा 13 के अधीन अपने अधिकारों का प्रयोग कर सकेगी ; और

(iii) वह रीति, जिसमें डाटा स्वामी बोर्ड को शिकायत कर सकेगा । ष्टांत कोई व्यष्टि भ, जो एक बैंक म के मोबाइल ऐप या वेबसाइट का उपयोग करते हुए एक बैंक खाता खोलती है । बैंक खाता खोलने के लिए विधि के अधीन अपने ग्राहक की अपेक्षाओं को जानिए, को पूरा करने के लिए, भ अपने वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण के लिए म, लाइव में वीडियो आधारित ग्राहक पहचान प्रक्रिया का विकल्प चुनती है । म, भ को सूचना के साथ वैयक्तिक डाटा के लिए वैयक्तिक डाटा और इसके प्रक्रमण के प्रयोजन का वर्णन करते हुए अनुरोध संलग्न करेगी या उससे पहले अनुरोध करेगी ।

(2) जहां डाटा स्वामी ने इस अधिनियम के प्रारंभ की तारीख से पूर्व अपने वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण के लिए अपनी सहमति दे दी है, वहां—

(क) डाटा न्यासी, यथाशीघ्र युक्तियुक्त रूप से साध्य हो, डाटा स्वामी को उसे निम्नलिखित की सूचना देते हुए, ऐसी रीति में और जो विहित की जाए, नोटिस देगा,—

(i) वैयक्तिक डाटा और वह प्रयोजन, जिसके लिए उसका प्रक्रमण किया गया है ;

(ii) वह रीति, जिसमें वह धारा 6 की उपधारा (4) और धारा 13 के अधीन अपने अधिकारों का प्रयोग कर सकेगा ; और

(iii) वह रीति, जिसमें डाटा स्वामी बोर्ड को शिकायत कर सकेगा ।

(ख) डाटा न्यासी, वैयक्तिक डाटा का तब तक प्रक्रमण कर सकेगा जब तक डाटा स्वामी अपनी सहमति वापस नहीं ले लेता है । ष्टांत कोई व्यष्टि भ, म द्वारा, जो एक ई-कामर्स सेवा प्रदाता है, प्रचालित किसी ऑनलाइन शॉपिंग ऐप या वेबसाइट पर इस अधिनियम के प्रारंभ से पूर्व अपने वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण के लिए सहमति दी थी । इस अधिनियम के प्रारंभ होने पर, म यथासाध्य भ को वैयक्तिक डाटा और उसके प्रक्रमण के प्रयोजन का वर्णन करते हुए ई-मेल, ऐप में अधिसूचना या अन्य प्रभावी ढंग से सूचना देगा ।

(3) डाटा न्यासी, डाटा स्वामी को उपधारा (1) और उपधारा (2) में निर्दिष्ट सूचना की अंतर्वस्तु तक पहुंच का अंग्रेजी भाषा में या संविधान की आठवीं अनुसूची में विनिर्दिष्ट किसी भाषा में विकल्प प्रदान करेगा ।

हिंदी पाठ का सरकारी राजपत्र · 9 सितंबर 2024; मुद्रित पृष्ठ 871–898 · स्रोत PDF पृष्ठ: 16, 17

धारा 6 · सहमति ।

धारा 6

प्रवर्तन की अधिसूचित तारीखें

6. (1) डाटा स्वामी द्वारा दी गई सहमति नि:शुल्क, विनिर्दिष्ट, सूचित, अशर्त और स्पष्ट सकारात्मक कार्रवाई सहित असंदिग्ध होगी और वह विनिर्दिष्ट प्रयोजन के लिए उसके वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण के करार को दर्शाएगी तथा ऐसे वैयक्तिक डाटा तक सीमित होगी, जो ऐसे विनिर्दिष्ट प्रयोजन के लिए आवश्यक हो । ष्टांत कोई व्यष्टि भ, किसी टेलीमेडिसिन ऐप म को डाउनलोड करती है । म (i) टेलीमेडिसिन सेवा उपलब्ध कराने के लिए उसके वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण, और (ii) उसके मोबाइल फोन की संपर्क सूची तक पहुंच बनाने के लिए भ की सहमति के लिए अनुरोध करता है और भ दोनों के लिए अपनी सहमति देती है । अत:, टेलीमेडिसिन सेवा उपलब्ध कराने के लिए फोन संपर्क सूची आवश्यक नहीं है, टेलीमेडिसिन सेवा उपलब्ध कराने के लिए उसकी सहमति उसके वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण तक ही सीमित होगी ।

(2) उपधारा (1) में निर्दिष्ट सहमति का कोई भाग, जो इस अधिनियम या इसके अधीन बनाए गए नियमों या तत्समय प्रवृत्त किसी विधि के उपबंधों का उल्लंघन करता है, ऐसे अतिलंघन के विस्तार तक अविधिमान्य होगा । ष्टांत कोई व्यष्टि भ, बीमाकर्ता म के मोबाइल ऐप या वेबसाइट का उपयोग करते हुए कोई बीमा पालिसी क्रय करती है । वह (i) पालिसी को जारी करने के प्रयोजन के लिए म द्वारा अपने वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण के लिए, और (ii) भारतीय डाटा संरक्षण बोर्ड को किसी परिवाद को फाइल करने के अपने अधिकार को छोड़ने के लिए म को सहमति देती है । सहमति का भाग (ii) परिवाद फाइल करने के उसके अधिकार के अधित्याग के संबंध में अविधिमान्य होगा ।

(3) इस अधिनियम के या इसके अधीन बनाए गए नियमों के उपबंधों के अधीन सहमति के लिए प्रत्येक अनुरोध, स्पष्ट और सरल भाषा में अंग्रेजी में या संविधान की आठवीं अनुसूची में विनिर्दिष्ट किसी भाषा में, ऐसे अनुरोध तक पहुंच का उसे विकल्प देते हुए और डाटा संरक्षण अधिकारी को, जहां लागू हो, या इस अधिनियम के उपबंधों के अधीन उसके अधिकारों के प्रयोग के प्रयोजन के लिए डाटा स्वामी से किसी संसूचना का उत्तर देने के लिए डाटा न्यासी द्वारा प्राधिकृत किसी अन्य व्यक्ति का संपर्क ब्यौरा प्रदान करते हुए, डाटा स्वामी को प्रस्तुत किया जाएगा ।

(4) जहां डाटा स्वामी द्वारा दी गई सहमति, वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण का आधार है, वहां ऐसे डाटा स्वामी को किसी भी समय अपनी सहमति उतने ही कार्य करने में सहजता के साथ वापस लेने का अधिकार होगा, जितना उस सहजता के तुल्य हो, जिसके साथ ऐसी सहमति दी गई थी ।

(5) उपधारा (4) में निर्दिष्ट वापसी के परिणाम को डाटा स्वामी द्वारा वहन किया जाएगा और ऐसी वापसी, उसके वापसी किए जाने से पूर्व सहमति के आधार पर वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण की विधिमान्यता को प्रभावित नहीं करेगी । ष्टांत कोई व्यष्टि भ, किसी ई-वाणिज्य सेवा प्रदाता म द्वारा प्रचालित ऑनलाइन खरीदारी ऐप या वेबसाइट का उपभोक्ता है । भ अपने आपूर्ति आदेश को पूरा करने के प्रयोजन के लिए और माल की आपूर्ति के लिए किए गए आदेश के लिए भुगतान करते समय, म द्वारा अपने वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण के लिए सहमति देती है । यदि भ अपनी सहमति वापस लेती है, तो म आदेश देने के लिए ऐप या वेबसाइट का उपयोग करने के लिए भ को समर्थ बनने से रोक सकेगा, किन्तु भ द्वारा माल की आपूर्ति के लिए पहले से दिए गए आदेश और किए गए भुगतान के प्रक्रमण को नहीं रोक सकेगा ।

(6) यदि डाटा स्वामी, उपधारा (5) के अधीन वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण के लिए अपनी सहमति को वापस ले लेती है, तो डाटा न्यासी, युक्तियुक्त समय के भीतर, प्रक्रमण को रोक देगा और ऐसे डाटा स्वामी के वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण को रोकने के लिए इसके डाटा प्रक्रमणकों को तब तक रोकेगा या तब तक रुकवाएगा, जब तक उसकी सहमति के बिना ऐसा प्रक्रमण इस अधिनियम या तद्धीन बनाए गए नियमों या भारत में तत्समय प्रवृत्त किसी अन्य विधि के उपबंधों के अधीन अपेक्षित या प्राधिकृत न हो । ष्टांत भ एक दूर-संचार सेवा प्रदाता है, जो भ के ग्राहकों के टेलिफोन बिलों को ई-मेल करने के लिए एक डाटा प्रक्रमणक म के साथ संविदा करता है । य जो भ का ग्राहक है जिसने बिलों को ई-मेल करने के लिए अपने वैयक्तिक डाटा का प्रक्रमण करने के लिए भ को अपनी सहमति पहले से दी थी, भ मोबाइल ऐप को डाउनलोड करता है और केवल ऐप पर बिलों को प्राप्त करने का विकल्प चुनता है । भ स्वयं बिलों को ई-मेल करने के लिए य के वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण को रोक देगा और म से भी रुकवाएगा ।

(7) डाटा स्वामी, किसी सहमति प्रबंधक के माध्यम से डाटा न्यासी को अपनी सहमति दे सकेगा, उसका प्रबंध, पुनर्विलोकन कर सकेगा या उसे वापस ले सकेगा ।

(8) सहमति प्रबंधक, डाटा स्वामी के प्रति उत्तरदायी होगा और ऐसी रीति तथा ऐसी बाध्यताओं के अधीन रहते हुए, जो विहित की जाएं, उसकी ओर से कार्य करेगा ।

(9) प्रत्येक सहमति प्रबंधक, ऐसी रीति में और ऐसी तकनीकी, संक्रियात्मक, वित्तीय और अन्य शर्तों के अध्यधीन, जो विहित की जाएं, बोर्ड के साथ रजिस्ट्रीकृत किया जाएगा ।

(10) जहां डाटा स्वामी द्वारा दी गई सहमति, वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण का आधार है और किसी कार्यवाही में, इस संबंध में कोई प्रश्न उठता है, वहां डाटा न्यासी यह साबित करने के लिए आबद्धकर होगा कि डाटा स्वामी को उसके द्वारा नोटिस दिया गया था तथा इस अधिनियम और इसके अधीन बनाए गए नियमों के उपबंधों के अनुसार, डाटा न्यासी को ऐसे डाटा स्वामी द्वारा सहमति दी गई थी ।

हिंदी पाठ का सरकारी राजपत्र · 9 सितंबर 2024; मुद्रित पृष्ठ 871–898 · स्रोत PDF पृष्ठ: 17, 18, 19

धारा 7 · कतिपय विधिसम्मत उपयोग ।

धारा 7

प्रवर्तन की अधिसूचित तारीखें

7. डाटा न्यासी, निम्नलिखित उपयोगों में से किसी भी उपयोग के लिए किसी डाटा स्वामी के वैयक्तिक डाटा का प्रक्रमण कर सकेगा, अर्थात् :—

(क) उस विनिर्दिष्ट प्रयोजन, जिसके लिए डाटा स्वामी, डाटा न्यासी को अपना वैयक्तिक डाटा स्वेच्छापूर्वक उपलब्ध कराता है और जिसके संबंध में उसने डाटा न्यासी को यह नहीं बताया है कि उसने अपने वैयक्तिक डाटा के उपयोग के लिए सहमति नहीं दी है । ष्टांत

(I) एक व्यष्टि भ, एक फार्मेसी म से कुछ क्रय करती है । वह स्वेच्छापूर्वक अपना वैयक्तिक डाटा म को प्रदान करती है और म से अपने मोबाइल फोन पर संदेश भेज कर क्रय के लिए किए गए भुगतान की अभिस्वीकृति रसीद के लिए अनुरोध करती है । म रसीद के भेजने के प्रयोजन के लिए भ के वैयक्तिक डाटा का प्रक्रमण कर सकेगा ।

(II) कोई व्यष्टि भ, एक भू-संपदा दलाल म को इलैक्ट्रानिक रूप से संदेश भेजती है जिसमें म से अपने लिए उपयुक्त किराए पर लिए गए आवास की पहचान में सहायता करने के लिए अनुरोध करती है और इस प्रयोजन के लिए अपना वैयक्तिक डाटा साझा करती है । म पहचान करने के लिए उसके वैयक्तिक डाटा का प्रक्रमण कर सकेगा और किराए पर उपलब्ध आवास के ब्यौरे उसको सूचित कर सकेगा । तत्पश्चात्भ, म को सूचित करती है कि भ को म से कोई और सहायता की आवश्यकता नहीं है । भ के वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण को म रोक देगा ;

(ख) राज्य और उसके किसी भी करणत्व के संबंध में, डाटा स्वामी को ऐसी सहायकी, लाभ, सेवा, प्रमाणपत्र, अनुज्ञप्ति या अनुमति प्रदान करना या जारी करना, जो विहित किया जाए, जहां—

(i) उसने किसी सहायकी, लाभ, सेवा, प्रमाणपत्र, अनुज्ञप्ति या अनुमति के लिए राज्य या उनके किसी करणत्व द्वारा उसके वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण के लिए पूर्व सहमति दे दी है ; या

(ii) ऐसा वैयक्तिक डाटा डिजिटल प्ररूप में या गैर-डिजिटल प्ररूप में उपलब्ध है और जिसका तत्पश्चात्किसी डाटाबेस, रजिस्टर, बही या अन्य दस्तावेज, जो राज्य या उसके किसी करणत्वों में से किसी करणत्व द्वारा सुरक्षित रखे गए हैं, का डिजिटीकरण किया गया है, वहां केन्द्रीय सरकार या वैयक्तिक डाटा के शासन के लिए तत्समय प्रवृत्त किसी अन्य विधि द्वारा जारी की गई नीति के अनुसार, प्रक्रमण के लिए पालन किए गए मानकों के अध्यधीन केन्द्रीय सरकार द्वारा अधिसूचित किया गया है । ष्टांत एक गर्भवती महिला भ, जो फायदों का लाभ लेने के प्रयोजन के लिए अपना वैयक्तिक डाटा उपलब्ध कराने की सहमति देते हुए स्वयं को सरकार के मातृत्व लाभ कार्यक्रम का लाभ लेने के लिए किसी ऐप या वेबसाइट पर स्वयं को नामांकित करती है । सरकार, भ के वैयक्तिक डाटा को सरकार से किसी अन्य विहित फायदे को प्राप्त करने के लिए उसकी पात्रता अवधारित करने के लिए प्रक्रमण की प्रक्रिया कर सकेगी ;

(ग) भारत में तत्समय प्रवृत्त किसी विधि के अधीन या भारत की संप्रभुता और अखंडता या राज्य की सुरक्षा के हित में, किसी कृत्य का राज्य या उसके किसी करणत्व द्वारा निष्पादन के लिए ;

(घ) तत्समय प्रवृत्त किसी अन्य विधि में ऐसी सूचना के प्रकटन के संबंध में उपबंधों के अनुसार ऐसा प्रक्रमण होने के अध्यधीन राज्य या उसके किसी करणत्व को ऐसी सूचना के प्रकटन के लिए किसी व्यक्ति पर, भारत में तत्समय प्रवृत्त किसी विधि के अधीन किसी बाध्यता को पूरा करने के लिए ;

(ङ) भारत में तत्समय प्रवृत्त किसी विधि के अधीन, किसी निर्णय या डिक्री या जारी किए गए आदेश अथवा भारत के बाहर तत्समय प्रवृत्त किसी विधि के अधीन संविदात्मक या सिविल प्रकृति के दावों से संबंधित किसी निर्णय या आदेश का अनुपालन करने के लिए ;

(च) किसी चिकित्सीय आपात, जिसमें डाटा स्वामी या किसी अन्य व्यष्टि के जीवन के लिए खतरा या स्वास्थ्य के लिए तत्काल खतरा अन्तर्वलित है, के प्रति जवाब देने के लिए ;

(छ) किसी महामारी, बीमारी का प्रकोप या जनस्वास्थ्य के किसी अन्य खतरे के दौरान, किसी व्यष्टि को चिकित्सीय उपचार या स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने हेतु उपाय करने के लिए ;

(ज) किसी आपदा या किसी लोक व्यवस्था के खराब होने के दौरान, किसी व्यष्टि की सुरक्षा सुनिश्चित करने या उसे सहायता देने या सेवा उपलब्ध कराने हेतु उपाय करने के लिए ।

स्पष्टीकरण—इस खंड के प्रयोजन के लिए, “आपदा” पद का वही अर्थ होगा, जो आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 की धारा 2 के खंड (घ) में उसका है ; या

(झ) नियोजन के प्रयोजनों के लिए या उन प्रयोजनों के लिए, जो नियोजक की कारपोरेट जासूसी की रोकथाम, व्यापार रहस्यों की गोपनीयता को बनाए रखना, बौद्धिक संपदा, वर्गीकृत सूचना या किसी सेवा का उपबंध या ऐसे डाटा स्वामी, जो कर्मचारी है, द्वारा मांगा गया फायदा जैसे हानि या दायित्व से नियोजक की सुरक्षा से संबंधित हैं ।

हिंदी पाठ का सरकारी राजपत्र · 9 सितंबर 2024; मुद्रित पृष्ठ 871–898 · स्रोत PDF पृष्ठ: 19, 20

धारा 8 · डाटा न्यासी की साधारण बाध्यताएं ।

धारा 8

प्रवर्तन की अधिसूचित तारीखें

8. (1) कोई डाटा न्यासी, इस अधिनियम के अधीन उपबंधित कर्तव्यों का पालन करने के लिए डाटा स्वामी के प्रतिकूल किसी करार या विफलता पर विचार किए बिना, डाटा प्रक्रमणक द्वारा या उसकी ओर से किए गए किसी प्रक्रमण के संबंध में इस अधिनियम और इसके अधीन बनाए गए नियमों के उपबंधों के अनुपालन के लिए उत्तरदायी होगा ।

(2) डाटा न्यासी, किसी विधिमान्य संविदा के अधीन केवल डाटा स्वामी को माल या सेवाओं की प्रस्थापना करने से संबंधित किसी क्रियाकलाप के लिए उसकी ओर से वैयक्तिक डाटा का प्रक्रमण के लिए किसी डाटा प्रक्रमणक को लगा सकेगा, नियुक्त कर सकेगा, उपयोग कर सकेगा या अन्यथा सम्मिलित कर सकेगा ।

(3) जहां वैयक्तिक डाटा का, किसी डाटा न्यासी द्वारा प्रक्रमण किया जाता है—

(क) वहां इसका ऐसे विनिश्चय करने के लिए उपयोग किए जाने की संभावना है, जो डाटा स्वामी को प्रभावित करता है ; या

(ख) किसी अन्य डाटा न्यासी के लिए प्रकट किए जाने की संभावना है, वहां डाटा न्यासी जो ऐसे वैयक्तिक डाटा का प्रक्रमण करता है इसकी संपूर्णता, यथार्थता और संगतता को सुनिश्चित करेगा ।

(4) कोई डाटा न्यासी, इस अधिनियम और इसके अधीन बनाए गए नियमों के उपबंधों के प्रभावी पालन को सुनिश्चित करने के लिए समुचित तकनीकी और संगठनात्मक उपायों को कार्यान्वित करेगा ।

(5) कोई डाटा न्यासी, अपने कब्जे में या अपने नियंत्रण के अधीन वैयक्तिक डाटा का संरक्षण करेगा, जिसके अंतर्गत उसके द्वारा या डाटा प्रक्रमणक द्वारा उसकी ओर से किए गए प्रक्रमण के संबंध में वैयक्तिक डाटा का उल्लंघन रोकने के लिए युक्तियुक्त सुरक्षोपाय करना भी शामिल है ।

(6) किसी वैयक्तिक डाटा भंग की दशा में, बोर्ड और प्रत्येक प्रभावित डाटा स्वामी को ऐसे प्ररूप और ऐसी रीति में, जो विहित की जाए, डाटा न्यासी ऐसे भंग की सूचना देगा ।

(7) कोई डाटा न्यासी, जब तक कि तत्समय प्रवृत्त किसी अन्य विधि के अनुपालन के लिए प्रतिधारण आवश्यक न हो,—

(क) डाटा स्वामी द्वारा अपनी सहमति वापस लेने पर या जैसे ही यह मान लेना युक्तियुक्त हो कि विनिर्दिष्ट प्रयोजन और अधिक पूरा नहीं किया जा रहा है, इनमें से जो भी पहले हो, वैयक्तिक डाटा मिटा देगा; और

(ख) अपने डाटा प्रक्रमणक से किसी वैयक्तिक डाटा को मिटवाएगा, जो ऐसे डाटा प्रक्रमणक के प्रक्रमण के लिए डाटा न्यासी द्वारा उपलब्ध कराया गया था । ष्टांत

(I) कोई व्यष्टि भ, ई-कॉमर्स सेवा प्रदाता म द्वारा प्रचालित ऑनलाइन बाजार स्थल पर स्वयं को रजिस्ट्रीकृत कराती है । भ अपनी उपयोग की गई कार को बेचने के लिए अपने वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण के लिए म को अपनी सहमति देती है । ऑनलाइन बाजार स्थल, विक्रय का समापन करने में सहायता करता है । म अब उसका वैयक्तिक डाटा अधिक समय तक नहीं रखेगा ।

(II) कोई व्यष्टि भ, एक बैंक म के साथ अपना बचत खाता बंद कराने का विनिश्चय करती है । म से अपने ग्राहकों की पहचान का अभिलेख खातों के बंद होने के पश्चात्, बैंकों को लागू विधि द्वारा दस वर्ष की अवधि के लिए अनुरक्षित किया जाना अपेक्षित है । चूंकि विधि के अनुपालन के लिए, प्रतिधारण आवश्यक है, अतः, म उक्त अवधि के लिए भ के वैयक्तिक डाटा को बनाए रखेगा ।

(8) उपधारा (7) के खंड (क) में निर्दिष्ट प्रयोजन पूरा किया गया नहीं समझा जाएगा, यदि डाटा स्वामी, ऐसी समयावधि के लिए, जो विहित की जाए—

(क) विनिर्दिष्ट प्रयोजन के पालन के लिए डाटा न्यासी तक नहीं पहुंचता है; और

(ख) ऐसे प्रक्रमण के संबंध में अपने किन्हीं अधिकारों का प्रयोग नहीं करती है, और भिन्न-भिन्न डाटा न्यासियों के वर्गों और भिन्न-भिन्न प्रयोजनों के लिए भिन्न-भिन्न कालावधियां विहित की जा सकेंगी ।

(9) डाटा न्यासी, ऐसी रीति में, जो विहित की जाए, डाटा संरक्षण अधिकारी, यदि लागू हो, या उस व्यक्ति का, जो डाटा न्यासी की ओर से, डाटा स्वामी द्वारा उसके वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण के बारे में पूछे गए प्रश्नों, यदि कोई हों, का उत्तर देने में समर्थ है, की कारबार संपर्क सूचना को प्रकाशित करेगा ।

(10) डाटा न्यासी, डाटा स्वामियों की शिकायतों के निवारण के लिए एक प्रभावी तंत्र की स्थापना करेगा ।

(11) इस धारा के प्रयोजनों के लिए, यह स्पष्ट किया जाता है कि डाटा स्वामी ने किसी ऐसी अवधि में, जिसके दौरान उसने वैयक्तिक रूप से या इलैक्ट्रानिक संसूचना के माध्यम से या शारीरिक रूप से ऐसे पालन के लिए डाटा न्यासी के साथ संपर्क आरंभ नहीं किया है, विनिर्दिष्ट प्रयोजन के पालन के लिए डाटा न्यासी से संपर्क नहीं किया गया माना जाएगा ।

हिंदी पाठ का सरकारी राजपत्र · 9 सितंबर 2024; मुद्रित पृष्ठ 871–898 · स्रोत PDF पृष्ठ: 20, 21, 22

धारा 9 · शिशुओं के वैयक्तिक डाटा का प्रक्रमण ।

धारा 9

प्रवर्तन की अधिसूचित तारीखें

9. (1) डाटा न्यासी, किसी शिशु या दिव्यांगजन के, जिसका कोई विधिपूर्ण संरक्षक है, किसी वैयक्तिक डाटा का प्रक्रमण करने से पूर्व, यथास्थिति, ऐसे शिशु के माता-पिता या विधिपूर्ण संरक्षक की, ऐसी रीति में, जो विहित की जाए, सत्यापनीय सहमति प्राप्त करेगा ।

स्पष्टीकरण—इस उपधारा के प्रयोजन के लिए, “माता-पिता की सहमति” पद के अन्तर्गत विधिपूर्ण संरक्षक की सहमति, जहां कहीं लागू हो, आती है ।

(2) डाटा न्यासी, वैयक्तिक डाटा का ऐसा प्रक्रमण नहीं करेगा जिससे किसी शिशु के कल्याण पर कोई हानिकारक प्रभाव कारित होने की संभावना हो ।

(3) डाटा न्यासी, शिशु की खोज संबंधी या व्यवहार संबंधी मानीटरी अथवा शिशुओं पर निदेशित लक्षित विज्ञापन नहीं करेगा ।

(4) उपधारा (1) और उपधारा (3) के उपबंध, डाटा न्यासियों के ऐसे वर्गों द्वारा किसी शिशु के वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण को या ऐसे प्रयोजनों के लिए और ऐसी शर्तों के अधीन रहते हुए, जो विहित की जाएं, लागू नहीं होंगे ।

(5) केन्द्रीय सरकार, यदि उसका यह समाधान हो जाता है कि डाटा न्यासी ने यह सुनिश्चित किया है कि शिशुओं के वैयक्तिक डाटा का प्रक्रमण ऐसी रीति में किया जाता है जो सत्यापनीय रूप से सुरक्षित है, ऐसे डाटा न्यासी द्वारा ऐसे प्रक्रमण के लिए उस आयु को अधिसूचित कर सकेगी, जिससे अधिक वह डाटा न्यासी उपधारा (1) और उपधारा (3) के अधीन उस डाटा न्यासी द्वारा प्रक्रमण के संबंध में सभी या किन्हीं बाध्यताओं के लागू होने से छूट प्राप्त होगा, जैसा अधिसूचना में विनिर्दिष्ट किया जाए ।

हिंदी पाठ का सरकारी राजपत्र · 9 सितंबर 2024; मुद्रित पृष्ठ 871–898 · स्रोत PDF पृष्ठ: 22

धारा 10 · महत्वपूर्ण डाटा न्यासी की अतिरिक्त बाध्यताएं ।

धारा 10

प्रवर्तन की अधिसूचित तारीखें

10. (1) केन्द्रीय सरकार, किसी डाटा न्यासी या डाटा न्यासियों के वर्ग को ऐसे सुसंगत कारकों के निर्धारण के आधार पर, जो वह अवधारित करे, महत्वपूर्ण डाटा न्यासी के रूप में अधिसूचित कर सकेगी, जिसके अंतर्गत निम्नलिखित हैं,—

(क) प्रक्रमणित वैयक्तिक डाटा की मात्रा और संवेदनशीलता;

(ख) डाटा स्वामी के अधिकारों के लिए जोखिम;

(ग) भारत की संप्रभुता और अखंडता पर संभावित प्रभाव;

(घ) निर्वाचन लोकतंत्र के लिए जोखिम ;

(ङ) राज्य की सुरक्षा; और

(च) लोक व्यवस्था ।

(2) महत्वपूर्ण डाटा न्यासी—

(क) एक डाटा संरक्षण अधिकारी नियुक्त करेगा, जो—

(i) इस अधिनियम के उपबंधों के अधीन महत्वपूर्ण डाटा न्यासी का प्रतिनिधित्व करेगा ;

(ii) भारत में स्थित होगा ;

(iii) ऐसा व्यष्टि होगा जो निदेशक बोर्ड या महत्वपूर्ण डाटा न्यासी के सदृश शासी निकाय के प्रति उत्तरदायी हो ; और

(iv) इस अधिनियम के उपबंधों के अधीन शिकायत निवारण तंत्र के लिए संपर्क का स्थल होगा ;

(ख) डाटा संपरीक्षा करने के लिए एक स्वतंत्र डाटा संपरीक्षक की नियुक्ति करेगा, जो इस अधिनियम के उपबंधों के अनुसार महत्वपूर्ण डाटा न्यासी के अनुपालन का मूल्यांकन करेगा; और

(ग) निम्नलिखित अन्य उपाय करेगा, अर्थात्:—

(i) आवधिक डाटा संरक्षण समाघात निर्धारण, जो एक ऐसी प्रक्रिया होगी, जिसमें डाटा स्वामियों के अधिकारों का वर्णन और उनके वैयक्तिक डाटा के प्रक्रमण का प्रयोजन, डाटा स्वामियों के अधिकारों के जोखिम का निर्धारण और प्रबंधन तथा ऐसी प्रक्रिया के बारे में ऐसे अन्य मामले, जो विहित किए जाएं, सम्मिलित होंगे;

(ii) आवधिक संपरीक्षा; और

(iii) इस अधिनियम के उपबंधों से संगत ऐसे अन्य उपाय जो विहित किए जाएं ।

हिंदी पाठ का सरकारी राजपत्र · 9 सितंबर 2024; मुद्रित पृष्ठ 871–898 · स्रोत PDF पृष्ठ: 23

9 सितंबर 2024 के राजपत्र में प्रकाशित हिंदी पाठ; प्रवर्तन की अधिसूचनाएं अलग दर्शाई गई हैं। 13 नवम्बर 2025 का मूल हिंदी नियम-पाठ और 5 फरवरी 2026 के शुद्धिपत्र की अलग संस्करण टिप्पणियाँ। शुद्धिपत्र के पृष्ठ-संदर्भ अंग्रेज़ी भाग से मेल खाते हैं और कुछ हिंदी वाक्यांश मूल पाठ में नहीं मिलते; यह प्रमाणित या समेकित संशोधित हिंदी संस्करण नहीं है।

संदर्भ के लिए, कानूनी सलाह या प्रमाणित संस्करण नहीं। प्रामाणिक पाठ के लिए सरकारी स्रोत देखें। प्रवर्तन की तारीखें बताए गए प्रावधानों तक सीमित हैं।