धारा 13: केंद्रीय आयुक्तों की पदावधि और सेवा शर्तें
सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 · हिंदी समेकित अध्ययन पाठ और सरल व्याख्या। स्वतंत्र शैक्षिक सामग्री, कानूनी सलाह या सरकारी सेवा नहीं।
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2019 संशोधन ने पहले की निश्चित पदावधि और वेतन व्यवस्था के स्थान पर केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित व्यवस्था रखी, अन्य वैधानिक सीमाएँ बनी हैं। पुराने संस्करण की पाँच वर्ष की अवधि को वर्तमान उपधारा (1) न बताएँ। शपथ का प्ररूप पहली अनुसूची में है।
Banaka की मूल व्याख्या · जाँच: 30 सितंबर 2026 · आधिकारिक हिंदी अनुवाद नहीं।
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Banaka का संपादकीय समेकित अध्ययन पाठ · 18 नवंबर 2025 के अंग्रेज़ी संस्करण से मिलान। सरल व्याख्या ऊपर अलग दी गई है। मूल अंग्रेज़ी पाठ के लिए ‘Read in English’ खोलें।
13. केंद्रीय आयुक्तों की पदावधि और सेवा शर्तें.
(1) मुख्य सूचना आयुक्त,[ऐसी अवधि के लिए जो केन्द्रीय सरकार द्वारा विहित की जाए] पद धारण करेगा और पुनर्नियुक्ति के लिए पात्र नहीं होगा:
परन्तु यह कि कोई मुख्य सूचना आयुक्त पैंसठ वर्ष की आयु प्राप्त करने के पश्चात् उस रूप में पद धारण नहीं करेगा।
(2) प्रत्येक सूचना आयुक्त,[ऐसी अवधि के लिए जो केन्द्रीय सरकार द्वारा विहित की जाए] या पैंसठ वर्ष की आयु प्राप्त करने तक, इनमें से जो भी पूर्वतर हो, पद धारण करेगा और ऐसे सूचना आयुक्त के रूप में पुनर्नियुक्ति के लिए पात्र नहीं होगा :
परन्तु प्रत्येक सूचना आयुक्त, इस उपधारा के अधीन अपना पद रिक्त करने पर, धारा 12 की उपधारा (3) में विनिर्दिष्ट रीति से मुख्य सूचना आयुक्त के रूप में नियुक्ति के लिए पात्र होगा :
परन्तु यह और कि जहां सूचना आयुक्त को मुख्य सूचना आयुक्त के रूप में नियुक्त किया जाता है वहां उसकी पदावधि सूचना आयुक्त और मुख्य सूचना आयुक्त के रूप में कुल मिलाकर पांच वर्ष से अधिक नहीं होगी ।
(3) मुख्य सूचना आयुक्त या कोई सूचना आयुक्त, अपना पद ग्रहण करने से पूर्व राष्ट्रपति या उसके द्वारा इस निमित्त प्राधिकृत किसी अन्य व्यक्ति के समक्ष, पहली अनुसूची में इस प्रयोजन के लिए उपवर्णित प्रारूप के अनुसार एक शपथ या प्रतिज्ञान लेगा और उस पर हस्ताक्षर करेगा ।
(4) मुख्य सूचना आयुक्त या कोई सूचना आयुक्त, किसी भी समय, राष्ट्रपति को संबोधित अपने हस्ताक्षर सहित लेख द्वारा अपना पद त्याग सकेगा :
परन्तु मुख्य सूचना आयुक्त या किसी सूचना आयुक्त को धारा 14 में विनिर्दिष्ट रीति से हटाया जा सकेगा ।
[(5) मुख्य सूचना आयुक्त और सूचना आयुक्तों को संदेय वेतन और भत्ते तथा सेवा के अन्य निबंधन और शर्तें, वे होंगी, जो केन्द्रीय सरकार द्वारा विहित की जाएं :
परन्तु मुख्य सूचना आयुक्त या सूचना आयुक्तों के वेतन, भत्तों और सेवा की अन्य शर्तों में, उनकी नियुक्ति के पश्चात्, उनके लिए अलाभकर रूप से कोई परिवर्तन नहीं किया जाएगा:
परंतु यह और कि सूचना का अधिकार (संशोधन) अधिनियम, 2019 के प्रारंभ से पूर्व नियुक्त मुख्य सूचना आयुक्त और सूचना आयुक्तों का इस अधिनियम और तद्धीन बनाए गए नियमों के उपबंधों द्वारा शासित होना उसी प्रकार जारी रहेगा मानो सूचना का अधिकार (संशोधन) अधिनियम, 2019 लागू ही नहीं हुआ था।]
(6) केन्द्रीय सरकार, मुख्य सूचना आयुक्त और सूचना आयुक्तों को उतने अधिकारी और कर्मचारी उपलब्ध कराएगी, जितने इस अधिनियम के अधीन उनके कृत्यों के दक्ष पालन के लिए आवश्यक हों और इस अधिनियम के प्रयोजन के लिए नियुक्त किए गए अधिकारियों और अन्य कर्मचारियों को संदेय वेतन और भत्ते तथा सेवा के निबंधन और शर्तें ऐसी होंगी, जो विहित की जाएं।